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जम्मू-कश्मीर के डोडा में दर्दनाक हादसा, 200 फीट गहरी खाई में गिरी सेना की गाड़ी
जनता जनार्दन संवाददाता ,
Jan 22, 2026, 18:21 pm IST
Keywords: Rescue efforts underway after an army Doda J&K जम्मू-कश्मीर
जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले से एक बेहद दुखद और दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है. भद्रवाह-चंबा रोड पर भारतीय सेना का एक कैस्पर वाहन हादसे का शिकार हो गया. वाहन के गहरी खाई में गिरने से 10 जवान शहीद हो गए, जबकि 10 अन्य गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं. यह हादसा उस समय हुआ जब सेना का वाहन पहाड़ी इलाके में एक ऊंची पोस्ट की ओर जा रहा था. प्राप्त जानकारी के मुताबिक सेना का कैस्पर वाहन डोडा जिले में भद्रवाह-चंबा मार्ग से गुजर रहा था. यह सड़क पहले से ही बेहद संकरी और जर्जर हालत में है. इसी दौरान अज्ञात कारणों से वाहन का संतुलन बिगड़ गया और वह करीब 200 फीट गहरी खाई में जा गिरा. हादसे की तीव्रता इतनी अधिक थी कि वाहन पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया. हादसे की सूचना मिलते ही सेना, पुलिस और प्रशासन की संयुक्त टीमें मौके पर पहुंचीं. दुर्गम और पहाड़ी इलाका होने के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन बेहद चुनौतीपूर्ण रहा. जवानों को खाई से बाहर निकालने के लिए विशेष उपकरणों की मदद ली जा रही है. घायल सैनिकों को प्राथमिक उपचार के बाद एयरलिफ्ट कर नजदीकी सैन्य और सिविल अस्पतालों में भर्ती कराया गया है. अधिकारी ने बताई हादसे की वजह एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि शुरुआती जांच में सामने आया है कि वाहन अचानक सड़क से फिसल गया. ड्राइवर ने नियंत्रण खो दिया, जिसके बाद वाहन सीधे गहरी खाई में गिर गया. हादसे के सटीक कारणों की जांच की जा रही है और तकनीकी पहलुओं की भी समीक्षा की जाएगी. उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने जताया गहरा शोक जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने इस दर्दनाक हादसे पर गहरा दुख व्यक्त किया है. उन्होंने कहा, “डोडा में हुए इस दुखद सड़क हादसे में हमारे 10 बहादुर भारतीय सेना के जवानों की शहादत से मुझे अत्यंत पीड़ा हुई है. हम अपने वीर सैनिकों की अनुकरणीय सेवा और सर्वोच्च बलिदान को सदैव याद रखेंगे. शोक संतप्त परिवारों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं हैं. इस कठिन समय में पूरा देश उनके साथ खड़ा है.” उन्होंने यह भी जानकारी दी कि घायल जवानों को एयरलिफ्ट कर अस्पताल पहुंचाया गया है और उनके बेहतर इलाज के निर्देश दिए गए हैं. घायलों के इलाज की व्यवस्था तेज प्रशासन और सेना की ओर से बताया गया है कि सभी घायल जवानों को अत्याधुनिक चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है. डॉक्टरों की टीम लगातार उनकी निगरानी कर रही है और स्थिति पर नजर बनाए हुए है. उपराज्यपाल ने घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना भी की है. डोडा में पहले से संवेदनशील है सुरक्षा स्थिति गौरतलब है कि डोडा जिला पहले से ही सुरक्षा के लिहाज से संवेदनशील बना हुआ है. हाल के दिनों में यहां आतंकवादी गतिविधियों और सुरक्षाबलों के सर्च ऑपरेशन तेज हुए हैं. पहाड़ी और घने जंगलों वाले इलाकों में आतंकियों की मौजूदगी की आशंका लगातार बनी रहती है. खुफिया एजेंसियों की चेतावनी खुफिया रिपोर्टों के अनुसार डोडा और पड़ोसी किश्तवाड़ जिले में 30 से 35 पाकिस्तानी मूल के आतंकवादी सक्रिय हो सकते हैं, जो जंगलों में छिपे हुए हैं. इसी वजह से सेना और सुरक्षा बल लगातार मूवमेंट और गश्त कर रहे हैं. हादसे के समय भी सेना का वाहन एक ऊंची और संवेदनशील पोस्ट की ओर जा रहा था. देशभर में शोक की लहर इस हादसे के बाद सेना और देशभर में शोक की लहर है. शहीद जवानों को उनके सर्वोच्च बलिदान के लिए याद किया जा रहा है. प्रशासन ने कहा है कि शहीदों के परिवारों को हर संभव सहायता प्रदान की जाएगी और हादसे की पूरी जांच कराई जाएगी. |
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