अंतर कोरियाई शिखर बैठकः किम जोंग उन और मून जेई इन मिले, मुस्कराया, मिलाए हाथ और दिया नए आरंभ का संकेत

अंतर कोरियाई शिखर बैठकः किम जोंग उन और मून जेई इन मिले, मुस्कराया, मिलाए हाथ और दिया नए आरंभ का संकेत सियोल: यहां धरती पर वह इतिहास लिखा जा रहा था, जो अगर सफल हुआ, तो पूरी दुनिया में शांति का संदेश देगा. उत्तर कोरिया के सर्वोच्च नेता किम जोंग ऐतिहासिक वार्ता के लिए शुक्रवार को दक्षिण कोरिया पहुंच गए, जहां दक्षिण कोरियाई राष्ट्रपति मून जे इन ने उनसे मुलाकात की. किम जोंग उन 1953 में कोरियाई युद्ध के समाप्त होने के बाद से दक्षिण कोरिया की जमीन पर कदम रखने वाले उत्तर कोरिया के पहले नेता हैं.

उत्तर कोरियाई नेता किम जोंग उन और दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति मून जेई इन ने चेहरे पर मुस्कान और हाथ मिलाते हुए दोनों प्रायद्वीप देशों को बांटने वाली सैन्य सीमा रेखा पर मुलाकात की. आगंतुकों के स्थल पर पहुंचने से पहले मून ने किम से कहा कि मैं आप से मिलकर खुश हूं. कोरिया युद्ध के करीब 65 साल बाद दक्षिण कोरिया की जमीन पर कदम रखने वाले किम पहले उत्तर कोरियाई शासक हैं.

शिखर सम्मेलन के लिए पनमुंजम के युद्धविराम संधि के अधीन आने वाले गांव के दक्षिणी किनारे पर स्थित 'पीस हाउस बिल्डिंग' में दाखिल होने से पहले किम के आमंत्रण पर दोनों नेता एक साथ उत्तर कोरिया में दाखिल हुए. किम ने बैठक की शुरुआत होने के बाद मून से कहा कि मैं यहां एक नए इतिहास का प्रारंभिक संदेश देने के दृढ़ संकल्प के साथ आया हूं.

उत्तर कोरिया का परमाणु कार्यक्रम दोनों नेताओं की बैठक का मुख्य एजेंडा है. मून ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि वे एक ऐसा समझौता कर पाएंगे जो कोरिया की जनता और शांति चाहने वाले सभी लोगों के लिए एक बड़ा तोहफा होगा.

यह ऐतिहासिक बैठक उत्तर कोरिया के उन संकेतों पर भी केंद्रित होगी, जिसमें किम जोंग ने अपने परमाणु हथियारों को छोड़ने की इच्छा जताई थी. किम जोंग और मून जे इन ने सीमा पर एक दूसरे से हाथ मिलाया. दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ने पहले एक कदम उत्तर कोरियाई सीमा की ओर बढ़ाते हुए किम जोंग से कहा, "मुझे आपसे मिलकर खुशी हुई है." इसके बाद दोनों नेता दक्षिण कोरिया की तरफ पीस हाउस की ओर चले गए.

किम के साथ उनकी बहन एवं सलाहकार किम यो जोंग और अंतर कोरियाई संबंधों के उत्तर कोरिया के प्रमुख और मून के साथ उनके खुफिया प्रमुख तथा चीफ ऑफ स्टाफ मौजूद रहे.

किम जोंग उन 1950-53 के कोरियाई युद्ध की समाप्ति के बाद से दक्षिण कोरिया की धरती पर कदम रखने वाले पहले उत्तर कोरियाई शासक हैं. उत्तर कोरिया की ओर से नौ सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल में देश के ऑनरेरी अध्यक्ष किम योंग नैम, विदेश मंत्री री योंग हो और किम की बहन किम यो जोंग भी हैं. किम यो जोंग उत्तर कोरिया की वर्कर्स पार्टी के प्रोपेगैंडा एंड एजिटेशन डिपार्टमेंट की निदेशक हैं. किम यो जोंग ने दक्षिण कोरिया में शीतकालीन ओलम्पिक खेलों के दौरान सियोल का ऐतिहासिक दौरा भी किया था.

उत्तर कोरिया की आधिकारिक सामाचार एजेंसी केसीएनए ने कहा कि किम अंतर कोरियाई संबंधों को सुधारने और कोरियाई प्रायद्वीप में शांति , समृद्धि और एकीकरण स्थापित करने के लिए हर मुद्दे पर खुले दिल से बातचीत करेंगे. पिछले साल प्योंगयांग ने छह परमाणु परीक्षण किए थे. किम और अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच भी मई अंत या  जून की शुरुआत में वार्ता होने वाली है. उसमें भी उत्तर कोरिया का परमाणु कार्यक्रम चर्चा का मुख्य मुद्दा रहेगा.
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