सुरक्षा बलों को सुविधाएं देने के लिए प्रतिबद्ध सरकार: मनमोहन

सुरक्षा बलों को सुविधाएं देने के लिए प्रतिबद्ध सरकार: मनमोहन नई दिल्ली: प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने आज कहा कि मुश्किल हालातों में अपनी जिंदगी को खतरे में डालकर देश की सेवा कर रहे केंद्रीय सशस्त्र बलों के पुलिसकर्मियों को यथासंभव सर्वश्रेष्ठ सुविधाएं उपलब्ध करवाने के लिए सरकार पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
    
केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल चिकित्सा विज्ञान संस्थान का शिलान्यास करने के बाद सिंह ने कहा कि सीआरपीएफ, बीएसएफ, सीआईएसएफ, आईटीबीपी, एसएसबी, असम राइफल्स और एनएसजी में कार्यरत महिलाएं व पुरूष बेहद विपरीत स्थितियों में काम करते हैं। कई बार वे इसके लिए अपने जीवन को भी जोखिम में डालते हैं।
    
उन्होंने कहा कि यह संस्थान दिखाता है कि हमारी सरकार केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों को हर संभव सर्वश्रेष्ठ सुविधा उपलब्ध करवाने के लिए प्रतिबद्ध है। केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों के जवान देश के कई सबसे दुर्गम स्थानों पर तैनात हैं। इनमें वाम चरमपंथ से प्रभावित राज्य, पूर्वोत्तर राज्य और जम्मूकश्मीर शामिल हैं।
    
प्रधानमंत्री ने कहा कि आज केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल चिकित्सा विज्ञान संस्थान की स्थापना की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम आगे बढ़ा है। हम सभी के लिए यह बेहद खुशी की बात है कि यह परियोजना अंतत:अपने क्रियान्वयन के चरण तक पहुंच गई है।
    
सिंह ने कहा कि यह संस्थान लंबे समय से महसूस की जा रही कमी को पूरा करेगा। यह केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों के उन जवानों के परिवारों के स्वास्थ्य की बेहतर देखभाल सुनिश्चित करेगा, जिनका अधिकतर समय अपने घर से दूर कठिन जिम्मेदारियों के निवर्हन में बीतता है। उन्होंने कहा कि इससे इन बलों का मनोबल बढ़ेगा और वे और ज्यादा कारगर ढंग से काम करेंगे।
    
सिंह ने कहा कि केंद्र सरकार ने इन बलों में 126 अतिरिक्त बटालियनों को मंजूरी दी थी। इनमें से 71 बटालियनें पहले ही बनाई जा चुकी हैं और शेष का गठन चालू वित्तीय वर्ष में होने की संभावना है।
    
सिंह ने कहा कि हमने अवसंरचना को मजबूत करने और क्षमता निर्माण पर भी खास ध्यान दिया है। 12वीं योजना केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों के लिए अवसंरचना को मजबूत कराने का खाका तैयार करती है। वर्ष 2008 के बाद से इन बलों के लिए 24 नए प्रशिक्षण संस्थानों को मंजूरी दी गई है।
अन्य राष्ट्रीय लेख
वोट दें

क्या विजातीय प्रेम विवाहों को लेकर टीवी पर तमाशा बनाना उचित है?

हां
नहीं
बताना मुश्किल
 
stack