Tuesday, 21 January 2020  |   जनता जनार्दन को बुकमार्क बनाएं
आपका स्वागत [लॉग इन ] / [पंजीकरण]   
 
Oct 22, 2018: कुछ साल पहले की बात है. भारतीय भाषा की एक साहित्यकार ने, जिन्हें तब तक ज्ञानपीठ पुरस्कार भी नहीं मिला था, दिल्ली के इंडिया इंटरनेशनल सेंटर में निजी बातचीत में यह दावा किया था कि ...

by सुजाता शिवेन
सुजाता शिवेन
सुजाता शिवेन Writer, Translator and feature coordinator JantaJanardan and FacenFacts

वोट दें

क्या विजातीय प्रेम विवाहों को लेकर टीवी पर तमाशा बनाना उचित है?

हां
नहीं
बताना मुश्किल